क्या ढूँढता है

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#dailychallenge

कभी निकट आने को बेचैन है
कभी दूर जाने को बेचैन है
और कभी कभी तो बस यूँही
बेचैन हो जाने को बेचैन है
कभी ख़ुद को ही सताता है
कभी सब को हँसाता है
कभी पागल हो जाता है
जाने क्या है! क्या चाहता है?
कभी घंटों पहेली बूझता है
कभी इसे इठलाना सूझता है
कभी ज्यों तन ही त्याग देता है
जाने क्या ढूँढता है..ये मन


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